हर हर शम्भू, हर हर शंकर
साथ चलु तेरे साथ चलु
भोले में पकड़ तेरा हाथ चलुकहीं खोना जाऊ में;
इस माया के राहों में
इस माया के राहों में....
जहाँ मिलते है अपने; कहने को
मोह में फिर बांध देते
दे के कुछ पल की ख़ुशी
है सारा जीवन माँग लेते
सारा जीवन माँग लेते....
में शोर करू तू राग बने
में मौन रहुँ तू आवाज़ बने
में जब कभी हारू तो भोले
तू सहारा बन मेरा
तू सहारा बन मेरा....
खामोशी के अंधेरे ये
अंदर ही अंदर घेरे रे..
मैं टूट रहा हूँ बाहर से
हिम्मत का सवेरा तू कर दे
हिम्मत का सवेरा तू कर दे...
साथ चलु तेरे साथ चलु
भोले में पकड़ तेरा हाथ चलु
है शिव शम्भू, है शिव शंकर
रख मुझसे नाता सदियों भर
तू साथ रहे संग हर जीवन
मुझ में तू बस; कर मुझे पावन
हर जीवन बस ये गाउँ में
हर हर शम्भू; हर हर शंकर
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